मेरी कथा

लीलाधर जगूड़ी की एक कविता
मेरी कथा
मेरी कथा
फावड़ा घिस जाने की
कारखाना उजड़ जाने की
सड़क टूट जाने की कथा है
मेरी कथा
पत्थर के रेत हो जाने की
पेड़ के
लकड़ी हो जाने की
कोयले के
आग हो जाने की कथा है
मेरी कथा
जाने हो जाने की कथा है ।
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(काव्य संकलन ‘बची हुई पृथ्वी’ से साभार)